by: mim news delhi
दिल्ली: पूर्वांचल एकता मंच के बैनर के तले ओखला के अंदर होटल रिवरवियू में जनाब शकीलुर रहमान साहब(अध्यक्ष पूर्वांचल एकता मंच) और जनाब खान रिज़वान साहब(चेयरमन, आवाज़ चैरिटेबल ट्रस्ट) ने एक सेमिनार का आयोजन किया गया, जिसका विषय था “हमारा नुमाइंदा कैसा हो”
इस सेमिनार में इलाक़े की कई दानिश्वर हस्तियों ने हिस्सा लिया। इस सेमिनार में मेहमाने ख़ुसूसी की हैसियत से जनाब बसीर अहमद ख़ान (भूतपूर्व प्रो वाइस चांसेलर, इंदिरा गांधी नेशनल यूनिवेर्सिटी), जनाब इरफ़ानूल्लाह ख़ान साहब (दिल्ली सदर, आल इंडिया मजलिसे इत्तहादुल मुसलीमीन), रिज़वान रियाजी साहब ( चेयरमन, रियाज़ि 50) मौजूद रहे।
नुमाइंदगी की बात रखते हुए इरफ़ानूल्लाह ख़ान साहब ने कहा कि हमें नुमाईंदे चुनते वक़्त इस बात का ख़्याल रखना चाहिए कि जो शक्स नुमाइंदगी का दवा पेश कर रहा है, वो साफ़ गोह हो और हक़ की बात करने वाला हो, जिसके अंदर अवाम के अंदर सियासी ख़ुदमुख़्तारी का जज़्बा लाने की क़ाबलियत हो।
बसीर अहमद ख़ान साहब ने भी सियासी ख़ुदमुख़्तारी पर ज़ोर देते हुए कहा की जम्हूरियत का असली मज़ा सियासी ख़ुदमुख़्तारी में है, उन्हने दानिश्वरो से अपील करी की अपने इलकों में जाकर लोगों की ज़हंसाज़ि करिए और उन्हें सही नुमाइंदा चुन्ने में मदद करिए।
जिन दानिश्वरो ने अपनी बात रखी उसमें डाक्टर नसीम अहमद नसीम साहब (एडिटर रहनुमा), जनाब मोहम्मद फ़ैज़ान (कोर्डिनिटर, खुदाई ख़िदमतगार, सदस्य मुस्लिम मजलिसे मुशाव्रत), डाक्टर खान मोहम्मद आसिफ़ (प्रोफ. G.B.U, उर्दू), डाक्टर शाज़िया उमैर (प्रोफ. DU, उर्दू), साजिद अनस साहब (महासचिव, RWA, A ब्लाक, शाहीनबाग़), निज़ामुद्दीन साहब, अडवोकेट शाहिद आज़ाद साहब, सैयद मुजीबुल हसन साहब मौजूद रहे।





